सनातन धरोहर का सम्मान: बाबर रोड को ‘अयोध्या मार्ग’ में बदलने का ऐतिहासिक कदम

सनातन धरोहर का सम्मान: बाबर रोड को ‘अयोध्या मार्ग’ में बदलने का ऐतिहासिक कदम

हिंदू सेना ने दिल्ली के बाबर रोड को ‘अयोध्या मार्ग’ में बदलने का ऐतिहासिक कदम कर दिया है, जो वर्तमान में पूरे देश में सनातन धर्म के प्रति उत्साह और श्रद्धा का प्रतीक बना हुआ है। इसमें शामिल हर व्यक्ति राम भक्ति में लीन है, क्योंकि भगवान श्री राम का आगमन अपने आलय, अयोध्या मंदिर, में 22 जनवरी को होने वाला है, जिसमें राम मंदिर का उद्घाटन और मंदिर के गर्भगृह में राम लला की प्राण प्रतिष्ठा होने वाली है।       यदि आप ऐसे ही खबरें प्रतिदिन सबसे जल्द प्राप्त करना चाहते हैं तो हमारे व्हाट्सएप और टेलीग्राम ग्रुप को अवश्य ज्वॉइन करें|

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शहर से लेकर गाँव तक, सभी राम भक्त अब भगवा रंग की छाप छोड़ रहे हैं, जो इस महत्वपूर्ण घड़ी में एक ऐतिहासिक और धार्मिक ऊर्जा का संकेत है। सोशल मीडिया पर एक तस्वीर वायरल हो रही है, जिसमें दिखाया जा रहा है कि बाबर रोड के पोस्टर पर भी भगवा रंग छाया हुआ है। इस चित्र के पीछे की सच्चाई को जानने के लिए हमें इस विशेष घटना की खोज में जुटना होगा।

सनातन धरोहर का सम्मान बाबर रोड को 'अयोध्या मार्ग' में बदलने का ऐतिहासिक कदम
सनातन धरोहर का सम्मान बाबर रोड को ‘अयोध्या मार्ग’ में बदलने का ऐतिहासिक कदम

बाबर रोड का पुनर्नामकरण

बाबर रोड को ‘अयोध्या मार्ग’ में बदलने का ऐतिहासिक कदम का निर्णय हिंदू सेना के कार्यकर्ताओं ने शनिवार को लिया। ललित होटल के बाहर लगे इस बैनर को सनातनी समुदाय ने भगवा रंग में सजाया, जिससे इस स्थान का महत्वपूर्ण संकेत मिलता है। यह निर्णय आए दिनों से चर्चा का विषय था, लेकिन आधिकारिक तौर से नामकरण का फैसला नहीं हुआ था। इसी कारण सनातनी समुदाय ने बाबर के नाम पर इसे ‘अयोध्या मार्ग’ में बदलने का समर्थन किया।

धरोहर का सम्मान

बाबर रोड के नाम के पुनर्नामकरण का एक और कारण यह है कि इसे लोगों ने सनातन धरोहर की ओर से देखा गया है। इससे स्पष्ट होता है कि नामकरण का निर्णय विशेषकर सांस्कृतिक और धार्मिक महत्वपूर्णता को मजबूत करने का एक प्रयास है।

बाबर रोड को ‘अयोध्या मार्ग’ में बदलने की दिशा में पहल

इससे पहले भी कई शहर और जिले थे जिनके नाम इस्लामिक शब्दों पर आधारित थे, जिन्हें सनातन धरोहर के परिप्रेक्ष्य में बदलने का प्रयास किया गया है। यह पहला कदम है जिसके माध्यम से लोग सनातन धरोहर की महत्वपूर्णता को समझ रहे हैं और इसे बचाने का प्रयास कर रहे हैं।

इस प्रक्रिया के माध्यम से, बाबर रोड को ‘अयोध्या मार्ग’ में बदलने का ऐतिहासिक कदम में बदलकर एक महत्वपूर्ण सनातनी संकेत के रूप में पुनर्नामित किया है। इस साहसिक कदम से समुदाय ने अपनी सांस्कृतिक और धार्मिक भूमिका को मजबूत करने का संकेत दिया है और धरोहर के प्रति अपनी समर्पण भावना को दिखाया है।

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हेलो मेरा नाम Sumit Dubey है| मेरी योग्यता BSC(computer science) और कंप्यूटर के क्षेत्र में किया गया एक Diploma(DCA) है| मैं पिछले 4 वर्षों से Blogging से जुड़ा हुआ हूं| मैंने कई तरह की वेबसाइट बनाई हैं| जिसमें से एक Wideindianews.com है| धन्यवाद...

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